
ऊधम सिंह नगर: बरेली के बहेड़ी क्षेत्र में हुए चर्चित बवाल मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। हिंसा के दौरान पुलिस पर हमला करने और खून-खराबे के लिए अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के मुख्य सरगना गफ्फार खां को बरेली पुलिस ने उत्तराखंड के किच्छा से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था और पुलिस को लगातार चकमा दे रहा था। बुधवार को उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार 26 सितंबर 2025 को बहेड़ी में हुए बवाल के दौरान बड़ी मात्रा में अवैध हथियारों का इस्तेमाल किया गया था। जांच में सामने आया कि इन हथियारों की सप्लाई एक संगठित गिरोह के माध्यम से की गई थी, जिसका संचालन गफ्फार खां कर रहा था। मामले में पहले ही मौलाना तौकीर के करीबी फरहत के भाई इशरत अली समेत कई आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।
इंस्पेक्टर बहेड़ी दिनेश शर्मा ने बताया कि हथियारों की खेप पहुंचाने के आरोप में पांच लोगों की गिरफ्तारी के बाद से ही मुख्य आरोपी गफ्फार खां की तलाश की जा रही थी। वह लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था और राजनीतिक पहुंच का इस्तेमाल कर पुलिस कार्रवाई से बचने की कोशिश कर रहा था। एसएसपी अनुराग आर्य के निर्देशन में कई टीमें उसकी तलाश में जुटी थीं। उत्तराखंड में भी पुलिस ने मुखबिरों का मजबूत नेटवर्क तैयार किया था।
इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि गफ्फार किच्छा-रुद्रपुर मार्ग स्थित प्रधान मार्केट के आसपास मौजूद है। सूचना के आधार पर बुधवार सुबह करीब आठ बजे पुलिस ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में आरोपी ने अवैध हथियारों की सप्लाई करने की बात स्वीकार कर ली।
पुलिस के मुताबिक गफ्फार खां एक अंतरराज्यीय हथियार तस्करी गिरोह का सरगना है। उसका नेटवर्क उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड समेत कई अन्य राज्यों तक फैला हुआ है। पूछताछ में उसने गिरोह से जुड़े कुछ अन्य लोगों के नाम भी बताए हैं, जिनकी तलाश में पुलिस दबिश दे रही है।
इस पूरे नेटवर्क का खुलासा फरवरी 2026 में हुआ था, जब पुलिस ने शेरगढ़ तिराहे पर चेकिंग के दौरान एक कार से सात तमंचे, एक पिस्टल और 44 कारतूस बरामद किए थे। मौके से गिरफ्तार तस्लीम और सोमू ने पूछताछ में बताया था कि ये हथियार बहेड़ी के मंडनपुर गांव निवासी हिस्ट्रीशीटर इशरत अली के कहने पर लाए गए थे। इसके बाद पुलिस ने गफ्फार खां समेत कई लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार गफ्फार खां के खिलाफ बरेली के शीशगढ़ थाने और किच्छा क्षेत्र में करीब 10 संगीन मामले दर्ज हैं। वह पुलिस से बचने के लिए हमेशा भीड़भाड़ वाले इलाकों में रहता था और लगातार अपने ठिकाने बदलता रहता था।
सीओ बहेड़ी अरुण कुमार सिंह ने बताया कि बवाल के दौरान पुलिस पर हमला करने और हिंसा फैलाने के लिए हथियारों की आपूर्ति गफ्फार खां ने ही कराई थी। आरोपी की गिरफ्तारी को पुलिस बड़ी सफलता मान रही है। अब गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश और नेटवर्क की जांच तेज कर दी गई है।




