
देहरादून: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित देहरादून दौरे को लेकर भाजपा संगठन में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण बिल) के संसद में आने से पहले आयोजित होने जा रहे इस रोड शो को खास बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की जा रही हैं।
प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं, विशेषकर महिला पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह है। संगठन ने इस बार महिला भागीदारी को केंद्र में रखते हुए अलग रणनीति तैयार की है, ताकि रैली में महिलाओं की बड़ी संख्या में मौजूदगी सुनिश्चित की जा सके।
भाजपा की ओर से आयोजित बैठक में महामंत्री संगठन अजेय कुमार, प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट और रैली संयोजक कुंदन परिहार सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल हुए। इस बैठक में तय किया गया कि प्रत्येक महिला पदाधिकारी को रैली में महिलाओं की एक-एक गाड़ी लाने की जिम्मेदारी दी जाएगी। यह जिम्मेदारी महिला मोर्चा को सौंपी गई है, जो अपने स्तर पर सक्रिय रूप से तैयारी में जुट गया है।
रैली को सफल बनाने के लिए विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों को भीड़ जुटाने के लक्ष्य दिए गए हैं। देहरादून महानगर की प्रत्येक विधानसभा से लगभग 6000 कार्यकर्ताओं को लाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जबकि देहरादून ग्रामीण और ऋषिकेश क्षेत्रों से 10-10 हजार लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने की योजना बनाई गई है। इसके अलावा नगर निगम के सभी पार्षदों को 500-500 लोगों को लाने की जिम्मेदारी दी गई है।
प्रधानमंत्री का यह रोड शो करीब 12 किलोमीटर लंबा होगा, जिसकी जिम्मेदारी कैंट विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं को सौंपी गई है। इस दौरान विभिन्न स्थानों पर पुष्प वर्षा कर प्रधानमंत्री का भव्य स्वागत किया जाएगा।
कार्यक्रम में विभिन्न समुदायों की भागीदारी को ध्यान में रखते हुए विशेष व्यवस्थाएं भी की जा रही हैं। सिख और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों के लोगों के लिए अलग से बैठने की व्यवस्था की जाएगी, जिससे कार्यक्रम समावेशी और व्यापक बने।
राजनीतिक दृष्टि से भी यह कार्यक्रम महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि 16 से 18 अप्रैल के बीच संसद का विशेष सत्र प्रस्तावित है, जिसमें नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर चर्चा की संभावना है। ऐसे में प्रधानमंत्री के इस दौरे और रैली को महिला सशक्तिकरण के संदेश के रूप में भी देखा जा रहा है।
कुल मिलाकर, देहरादून में प्रधानमंत्री के स्वागत को लेकर तैयारियां अपने अंतिम चरण में हैं और भाजपा संगठन इसे ऐतिहासिक बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक रहा है।




