
देहरादून। उत्तराखंड भाजपा में लंबे समय से संगठन महामंत्री की जिम्मेदारी संभाल रहे अजय कुमार को अब राजस्थान भेज दिया गया है। पार्टी नेतृत्व के इस फैसले को आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों और संगठनात्मक पुनर्संतुलन से जोड़कर देखा जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के हालिया उत्तराखंड दौरे के दौरान कई वरिष्ठ नेताओं ने संगठन की कार्यशैली और भविष्य की रणनीति को लेकर अपना फीडबैक दिया था। बताया जा रहा है कि कुछ वरिष्ठ नेताओं की राय थी कि लंबे समय से एक ही प्रदेश में कार्यरत रहने के बाद संगठन में नई ऊर्जा और नई रणनीति की आवश्यकता है।
सात वर्षों तक संभाली अहम जिम्मेदारी
अजय कुमार ने वर्ष 2019 में संगठन महामंत्री का दायित्व संभाला था। उनके कार्यकाल में भाजपा ने राज्य में विधानसभा चुनाव, लोकसभा चुनाव तथा स्थानीय निकाय चुनावों में उल्लेखनीय सफलता हासिल की। संगठनात्मक दृष्टि से भी उन्होंने बूथ स्तर तक पार्टी संरचना को मजबूत करने का प्रयास किया।
नए संगठन महामंत्री के सामने बड़ी चुनौती
राजस्थान में नई जिम्मेदारी मिलने के बाद उत्तराखंड में संगठन महामंत्री का पद फिलहाल रिक्त हो गया है। आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए नए पदाधिकारी के सामने कई चुनौतियां होंगी। उन्हें राज्य के सामाजिक, भौगोलिक और राजनीतिक समीकरणों को समझते हुए संगठन को चुनावी मोड में तैयार करना होगा।
चुनावी तैयारी पर रहेगा फोकस
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा आगामी चुनावों को देखते हुए संगठन में बदलाव कर रही है। नए नेतृत्व को बूथ स्तर की मजबूती, कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय और जनभावनाओं को समझते हुए पार्टी की चुनावी रणनीति को आगे बढ़ाना होगा।
उत्तराखंड की 70 विधानसभा सीटों पर संगठनात्मक पकड़ मजबूत बनाए रखना और कार्यकर्ताओं के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना आने वाले समय में भाजपा नेतृत्व की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा।




