
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में कड़ाके की ठंड, सर्द पछुआ हवाओं और घने कोहरे के चलते जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। हालात की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा फैसला लेते हुए प्रदेश में कक्षा 1 से 12वीं तक के सभी बोर्ड (यूपी बोर्ड, सीबीएसई, आईसीएसई) के स्कूलों को 5 जनवरी 2026 तक बंद रखने के निर्देश दिए हैं। माध्यमिक और बेसिक शिक्षा विभाग ने इस संबंध में तत्काल आदेश जारी कर दिए हैं।
प्रदेश के अधिकांश जिले इस समय शीतलहर की चपेट में हैं। इससे पहले सोमवार से बृहस्पतिवार तक स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया था, जबकि शुक्रवार को कुछ माध्यमिक विद्यालय खोले गए थे। लेकिन मौसम के और बिगड़ने के पूर्वानुमान के चलते सरकार ने दोबारा स्कूल बंद रखने का निर्णय लिया है।
❄️ 34 जिलों में घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को प्रदेश के 34 जिलों में घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। कई जिलों—जैसे कानपुर, आगरा, गोरखपुर और अमेठी—में दृश्यता शून्य तक दर्ज की गई। कोहरे के कारण सड़क, रेल और हवाई यातायात पर भी असर पड़ रहा है।
🌡️ तापमान में और गिरावट की चेतावनी
वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. अतुल कुमार सिंह के अनुसार, पहाड़ों से आ रही सर्द पछुआ हवाओं के प्रभाव से अगले तीन दिनों में दिन और रात के तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस की और गिरावट दर्ज की जा सकती है। शुक्रवार को बाराबंकी और हरदोई में न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि बरेली में दिन का तापमान सबसे कम 13.3 डिग्री रहा।
🔥 अलाव और कंबल की व्यवस्था के निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि सार्वजनिक स्थलों, चौराहों और रैन बसेरों में अलाव और कंबलों की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कोई भी व्यक्ति खुले में सोने को मजबूर न हो और शीतलहर से बचाव के लिए सभी जरूरी इंतजाम किए जाएं।
⚠️ शीत दिवस और कोहरे से सावधानी जरूरी
लखनऊ, हरदोई, सीतापुर, उन्नाव, बाराबंकी सहित कई जिलों में शीत दिवस की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि अनावश्यक यात्रा से बचें, बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखें और ठंड से बचाव के उपाय अपनाएं।
प्रदेश में मौसम की मार को देखते हुए सरकार और प्रशासन अलर्ट मोड में हैं। आने वाले दिनों में मौसम सामान्य होने तक हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है।




