
देहरादून। उत्तराखंड ने 39वें राष्ट्रीय खेलों में पदक तालिका के शीर्ष पांच राज्यों में जगह बनाने का लक्ष्य तय किया है। मेघालय में होने वाले इन खेलों के लिए राज्य के खेल विभाग ने विशेष कार्ययोजना तैयार की है। इसमें खिलाड़ियों के प्रशिक्षण, कोच की व्यवस्था, आवश्यक खेल उपकरणों और प्रतियोगिता से पहले की तैयारियों पर विशेष ध्यान दिया गया है। विभाग ने कार्ययोजना को मंजूरी के लिए शासन को भेज दिया है।
उत्तराखंड में आयोजित 38वें राष्ट्रीय खेलों में राज्य के खिलाड़ियों ने 102 पदक जीतकर उल्लेखनीय प्रदर्शन किया था। मुक्केबाजी, ताइक्वांडो और एथलेटिक्स सहित विभिन्न खेलों में खिलाड़ियों की उपलब्धियों से उत्साहित खेल विभाग अब अगले राष्ट्रीय खेलों में प्रदर्शन को और बेहतर बनाने की तैयारी में है।
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102 पदकों के प्रदर्शन को आगे बढ़ाने की तैयारी
38वें राष्ट्रीय खेलों में मिली सफलता ने उत्तराखंड के खिलाड़ियों से उम्मीदें बढ़ाई हैं। अब विभाग की कोशिश है कि पिछले प्रदर्शन को आधार बनाकर खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाए, ताकि वे आगामी प्रतियोगिता में अधिक पदक जीतने के लिए तैयार हो सकें।
इसके लिए खेल विभाग और संबंधित खेल संघ उन खेल विधाओं तथा खिलाड़ियों की पहचान करेंगे, जिनसे मेघालय में होने वाले राष्ट्रीय खेलों में पदक की उम्मीद की जा सकती है। संभावित पदक विजेताओं की तैयारी को प्राथमिकता देने की योजना है।
स्वरोजगार एवं उद्यमिता योजनाएँ
खिलाड़ियों के प्रशिक्षण पर रहेगा विशेष जोर
कार्ययोजना के तहत प्रतियोगिता से पहले खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण उपलब्ध कराने पर जोर दिया जाएगा। जरूरत के अनुसार खेल उपकरणों और विशेषज्ञों की सेवाओं की व्यवस्था भी की जाएगी। विभाग की योजना खिलाड़ियों के प्रदर्शन की नियमित समीक्षा करने की भी है, जिससे उनकी तैयारियों में सामने आने वाली कमियों को समय रहते दूर किया जा सके।
खिलाड़ियों की तैयारी के साथ कोच की व्यवस्था को भी कार्ययोजना का हिस्सा बनाया गया है। विभाग का मानना है कि प्रतियोगिता से पहले व्यवस्थित प्रशिक्षण और जरूरी संसाधन मिलने से खिलाड़ियों को अपनी क्षमता के अनुरूप प्रदर्शन करने में मदद मिल सकती है।
खेल प्रतिभाओं को बेहतर सुविधाएं देने की योजना
खेल विभाग के अधिकारियों के अनुसार, उत्तराखंड में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की कमी नहीं है। जरूरत इस बात की है कि उन्हें बेहतर प्रशिक्षण, जरूरी संसाधन और उच्च स्तर की खेल सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। इसी उद्देश्य से आगामी राष्ट्रीय खेलों को ध्यान में रखकर तैयारियां समयबद्ध तरीके से पूरी करने की योजना बनाई गई है।
विभाग की कार्ययोजना में खिलाड़ियों की जरूरतों के साथ प्रतियोगिता पूर्व तैयारियों को भी शामिल किया गया है। योजना को शासन की मंजूरी मिलने के बाद इसके अनुरूप आगे की तैयारियां की जाएंगी।
मेघालय में टॉप-5 में पहुंचने की चुनौती
38वें राष्ट्रीय खेलों में 102 पदक जीतने के बाद उत्तराखंड के सामने अब अपने प्रदर्शन को दोहराने और पदक तालिका में आगे बढ़ने की चुनौती है। टॉप-पांच में जगह बनाने का लक्ष्य हासिल करने के लिए खिलाड़ियों की तैयारी, खेल संघों के साथ समन्वय और संसाधनों की उपलब्धता महत्वपूर्ण होगी।
संयुक्त निदेशक खेल अजय अग्रवाल के अनुसार, मेघालय में होने वाले राष्ट्रीय खेलों की तैयारी के लिए विभाग ने मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) तैयार की है। इसमें खिलाड़ियों के प्रशिक्षण और कोच की व्यवस्था सहित विभिन्न पहलुओं को शामिल किया गया है। कार्ययोजना को मंजूरी के लिए शासन को भेजा गया है।





