
देहरादून। राजधानी देहरादून के कांवली रोड क्षेत्र में रविवार देर रात एक मामूली सड़क दुर्घटना ने बड़ा विवाद खड़ा कर दिया। कार और बाइक की टक्कर के बाद शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट और लाठी-डंडे चले, जिससे कई लोग घायल हो गए। घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जबकि घायलों को उपचार और मेडिकल परीक्षण के लिए दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया। वहां भी विवाद और हंगामे की स्थिति उत्पन्न हो गई।
मिली जानकारी के अनुसार राहुल नामक युवक एक निजी बैंक में कार्यरत है और टिहरी से अपनी कार में सवार होकर देहरादून लौट रहा था। बताया गया कि कांवली रोड क्षेत्र में उसकी कार की टक्कर एक नाबालिग लड़के की बाइक से हो गई। दुर्घटना के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हुई, जो कुछ ही देर में गंभीर विवाद का रूप ले बैठी।
राहुल का आरोप है कि दुर्घटना के बाद कुछ युवकों ने उसे घेर लिया और उसके साथ मारपीट की। उसने बताया कि जब उसके परिजन बीच-बचाव के लिए मौके पर पहुंचे तो उन्हें भी नहीं बख्शा गया। राहुल के पिता चंदूलाल, भाई अरुण और चाचा राकेश के साथ भी कथित रूप से मारपीट की गई। इस घटना में चारों लोग घायल हो गए और उन्हें उपचार की आवश्यकता पड़ी।
स्थानीय लोगों के अनुसार सड़क पर दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक तनावपूर्ण माहौल बना रहा। विवाद बढ़ने के बाद आसपास के लोग भी मौके पर एकत्र हो गए। हालांकि बाद में मामला शांत कराया गया, लेकिन घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए अस्पताल भेजा गया।
दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल की इमरजेंसी में भी मामला शांत नहीं हुआ। घायल पक्ष का आरोप है कि अस्पताल में उनके साथ उचित व्यवहार नहीं किया गया। राहुल ने आरोप लगाया कि उसके अन्य परिजनों का मेडिकल परीक्षण तो कर दिया गया, लेकिन उसका मेडिकल नहीं किया गया। इसी बात को लेकर अस्पताल परिसर में काफी देर तक बहस और विवाद चलता रहा।
वहीं अस्पताल प्रशासन और इमरजेंसी में तैनात चिकित्सकों ने इन आरोपों को खारिज किया है। डॉक्टरों का कहना है कि किसी भी घायल के उपचार या मेडिकल परीक्षण में कोई बाधा नहीं डाली गई। चिकित्सकों के अनुसार राहुल लगातार बहस कर रहा था और इमरजेंसी वार्ड में मरीजों के उपचार कार्य में व्यवधान उत्पन्न कर रहा था। इसलिए उसे शांत रहने और प्रक्रिया पूरी होने तक प्रतीक्षा करने के लिए कहा गया था।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से औपचारिक तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलने के बाद मामले की जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आसपास मौजूद लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों से भी जानकारी जुटाई जा रही है।
यह घटना एक बार फिर सड़क दुर्घटनाओं के बाद बढ़ते विवादों और रोडरेज जैसी घटनाओं की ओर संकेत करती है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल दोनों पक्षों की ओर से शिकायत दर्ज होने का इंतजार किया जा रहा है।




