
देहरादून। उत्तराखंड में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र ने शुक्रवार के लिए राज्य के कई पर्वतीय जिलों में खराब मौसम की चेतावनी जारी करते हुए ऑरेंज अलर्ट घोषित किया है। विभाग के अनुसार देहरादून, टिहरी, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के कुछ हिस्सों में तेज बारिश, ओलावृष्टि तथा 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
मौसम विभाग का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमी गतिविधियों के प्रभाव से पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम अस्थिर बना हुआ है। इसके चलते कई स्थानों पर अचानक तेज बारिश, गरज-चमक और आंधी की स्थिति बन सकती है। संवेदनशील इलाकों में लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
अन्य जिलों में भी येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने केवल सात जिलों तक ही चेतावनी सीमित नहीं रखी है। राज्य के अन्य जिलों में भी बिजली चमकने, तेज हवाएं चलने और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है। विभाग का मानना है कि मौसम में यह बदलाव अगले कुछ समय तक बना रह सकता है।
विशेषज्ञों ने पर्वतीय मार्गों पर यात्रा करने वाले लोगों से सावधानी बरतने को कहा है। खराब मौसम के दौरान भूस्खलन संभावित क्षेत्रों, नदी-नालों और खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह भी दी गई है।
ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार राज्य के 4200 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हिमपात की संभावना बनी हुई है। बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री और अन्य उच्च हिमालयी क्षेत्रों के आसपास स्थित चोटियों पर हल्की बर्फबारी देखने को मिल सकती है। जून माह में ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी का अनुमान पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए विशेष रुचि का विषय बना हुआ है।
मसूरी में बारिश से बदला मौसम
इस बीच पहाड़ों की रानी मसूरी में बृहस्पतिवार शाम अचानक मौसम ने करवट ली। दिनभर गर्मी और उमस के बाद शाम को हुई बारिश ने तापमान में उल्लेखनीय गिरावट ला दी। बारिश के चलते वातावरण में ठंडक घुल गई और मौसम बेहद सुहावना हो गया।
बारिश शुरू होते ही माल रोड, गन हिल और अन्य पर्यटन स्थलों पर घूम रहे पर्यटकों को कुछ देर के लिए परेशानी का सामना करना पड़ा। कई पर्यटक बारिश से बचने के लिए दुकानों, होटलों और शेडों में शरण लेते दिखाई दिए। हालांकि बारिश थमने के बाद ठंडी हवाओं और बादलों से घिरे मौसम ने पर्यटकों का अनुभव और भी सुखद बना दिया।
गर्मी से मिली राहत
पिछले कुछ दिनों से राज्य के कई हिस्सों में तापमान बढ़ने लगा था, जिससे लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ रहा था। लेकिन मौसम में आए इस बदलाव से पर्वतीय क्षेत्रों के साथ-साथ मैदानी इलाकों में भी राहत मिलने की उम्मीद है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के बाद तापमान में आई गिरावट ने वातावरण को काफी आरामदायक बना दिया है।
प्रशासन ने जारी की सावधानी बरतने की सलाह
संभावित खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। विशेष रूप से पहाड़ी मार्गों पर यात्रा करने वाले पर्यटकों और यात्रियों को मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है। तेज हवाओं और ओलावृष्टि के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों तथा बिजली के खंभों के आसपास खड़े होने से बचने को कहा गया है।
मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम की गतिविधियां अधिक सक्रिय रह सकती हैं। ऐसे में नागरिकों को आवश्यक सावधानी बरतते हुए सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।




