
बरेली | बरेली के सुभाषनगर क्षेत्र में शनिवार सुबह एक ऐसी घटना सामने आई जिसने पूरे इलाके को दहशत और सवालों में डाल दिया। महज 28 दिन पहले शादी के बंधन में बंधी 24 वर्षीय ज्योति का शव उसके घर के पीछे बने पानी से भरे तालाबनुमा नाले में मिला। एक नवंबर को हुई शादी के बाद परिवार खुशियों में डूबा था, लेकिन 29 नवंबर की सुबह सात बजे के करीब उसकी मौत की खबर ने सभी को स्तब्ध कर दिया। पहले तो स्थानीय लोगों ने शव दिखने की सूचना दी, जिसके बाद ससुराल पक्ष के लोग ज्योति को तुरंत एक निजी अस्पताल लेकर गए, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसी बीच थाना सुभाषनगर पुलिस को घटना की जानकारी मिली और तत्काल उसके मायके पक्ष को सूचना भेजी गई।
ज्योति के पिता राजेश कुमार, जो किला थाना क्षेत्र के गढ़ैया के रहने वाले हैं, मौके पर पहुँचे तो उन्हें घटना के हालात बेहद संदिग्ध लगे। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी बिल्कुल सामान्य थी और जीवन को लेकर उत्साहित रहती थी। शुक्रवार शाम जब उन्होंने ज्योति को फोन किया तो कॉल रिसीव नहीं हुआ। कई बार प्रयास करने के बाद भी बात नहीं हो सकी। शनिवार सुबह जब उन्होंने फिर संपर्क किया तो ससुराल वालों ने बताया कि उसकी तबीयत खराब है और उसे अस्पताल ले जाया गया है। इसके कुछ ही देर बाद उन्हें उसकी मौत की सूचना मिली। पिता का स्पष्ट आरोप है कि उनकी बेटी आत्महत्या जैसा कदम कभी नहीं उठा सकती, ऐसे में यह मामला हत्या या दहेज उत्पीड़न से जुड़ा हो सकता है। इसी आधार पर उन्होंने बेटी के पति लव शर्मा, सास सरोज शर्मा, जेठ अरविंद शर्मा, अमित शर्मा, ननद पूजा और ननदोई कपिल पाठक के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी पति लव शर्मा को हिरासत में ले लिया।
घटना के चश्मदीद बताए जा रहे कुछ पड़ोसियों ने पुलिस को अलग-अलग बयान दिए, जिससे घटना और अधिक उलझी हुई प्रतीत होने लगी। कुछ लोगों का दावा था कि सुबह सात बजे के आसपास उन्हें किसी चीज़ के पानी में गिरने की भारी आवाज सुनाई दी थी। एक पड़ोसी ने तो यहां तक कहा कि उसने ज्योति को घर की ढाई फुट ऊंची मुंडेर पर चढ़ते हुए और फिर तालाब की दिशा में कूदते हुए देखा, लेकिन बाद में उसने अपना यह दावा बदल दिया। वहीं स्थानीय लोगों के एक अन्य समूह ने बताया कि ज्योति रोज की तरह सुबह छत पर झाड़ू लगाने और कूड़ा फेंकने गई होगी, और संभव है कि संतुलन बिगड़ने से वह गलती से नीचे तालाबनुमा नाले में गिर गई हो। इस ‘तालाब’ को लेकर भी सच्चाई सामने आई कि यह असल में तालाब नहीं, बल्कि आसपास के घरों का नाला है, जिसमें लगातार पानी जमा होने के कारण वह तालाब जैसा दिखता है।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट ने शुरुआती रहस्य को आंशिक रूप से खत्म करते हुए यह स्पष्ट किया कि ज्योति की मौत डूबने से हुई है। रिपोर्ट के अनुसार उसके पेट और मुंह में गंदा पानी भरा हुआ था, जो पानी में गिरने और डूबने की पुष्टि करता है। हालांकि उसके कमर के आसपास मिला गंभीर चोट का निशान यह संकेत देता है कि गिरने के दौरान उसे तीव्र चोट लगी थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह चोट दुर्घटनावश लगी, या घटना को किसी और दिशा में ले जाने के लिए कोई अन्य कहानी रची गई। इस बीच पति लव शर्मा ने पुलिस पूछताछ में अपना पक्ष रखते हुए कहा कि ज्योति गुस्सैल स्वभाव की थी और वह खुद ही तालाब में कूद गई होगी, हालांकि कूदने की वजह वह स्पष्ट नहीं बता सका। पुलिस ने उसके मोबाइल फोन को कब्जे में लेकर कॉल रिकॉर्ड, चैट और गतिविधियों की जांच भी शुरू कर दी है। वहीं यह तथ्य भी सामने आया है कि ज्योति के पास मोबाइल फोन नहीं था, जिससे यह भी जांच का विषय बन गया कि उसकी बाहरी दुनिया से संपर्क पर कोई नियंत्रण तो नहीं रखा जा रहा था।
मायके पक्ष, पड़ोसियों के विरोधाभासी बयान, ससुराल वालों का पक्ष, पोस्टमॉर्टम की रिपोर्ट और संदिग्ध परिस्थितियाँ—ये सभी बातें अभी भी इस मौत को रहस्य से घिरी हुई बनाए हुए हैं। पुलिस अब तकनीकी और फॉरेंसिक रिपोर्ट के आधार पर यह पता लगाने में जुटी है कि क्या यह हादसा था, आत्महत्या, या वास्तव में हत्या कर इसे हादसे का रूप देने की कोशिश की गई। फिलहाल परिवार और क्षेत्र के लोगों में इस घटना को लेकर गहरा आक्रोश और असमंजस बना हुआ है।





