
बेगूसराय। बेगूसराय जिले के साहेबपुर कमाल थाना क्षेत्र में शुक्रवार देर शाम STF और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मिनी गन फैक्टरी का भंडाफोड़ किया। छापेमारी के दौरान अपराधियों ने पुलिस को देखते ही फायरिंग शुरू कर दी, जिस पर पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की। मुठभेड़ में एक कुख्यात अपराधी शिवदत्त राय घायल हो गया और मौके से ही गिरफ्तार कर लिया गया। जबकि उसके कई साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए।
STF आर्म्स सेल को मिली गुप्त सूचना के आधार पर यह पूरी कार्रवाई की गई। सूचना थी कि शालिग्रामी गांव में अमित कुमार गुप्ता के घर पर अपराधियों का एक गिरोह अवैध हथियारों की खरीद-बिक्री और सौदेबाजी कर रहा है। वरीय अधिकारियों के आदेश पर स्थानीय पुलिस, सशस्त्र बल और STF की टीम ने गांव में दबिश दी। टीम के प्रवेश करते ही अपराधियों ने पुलिस पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं। पुलिस ने तुरंत मोर्चा संभाला और मुठभेड़ के दौरान शिवदत्त राय को घायल अवस्था में पकड़ा। उसके पास से एक देसी कारबाइन और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए। गंभीर अवस्था में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
गिरफ्तार अपराधी से की गई पूछताछ में पता चला कि उसके साथी अमित कुमार गुप्ता, नवनीत कुमार, सोनू कुमार और तीन अन्य अपराधी मौके से फरार हो गए। उसकी निशानदेही के बाद पुलिस ने अमित कुमार गुप्ता के घर की तलाशी ली, जहां अवैध हथियार निर्माण की मिनी फैक्टरी संचालित होने का बड़ा खुलासा हुआ। तलाशी के दौरान पुलिस ने एक कारबाइन, सात पिस्टल, एक अधनिर्मित रिवॉल्वर, दो कारतूस, सात मैगजीन, 21 अधनिर्मित मैगजीन, तीन लाख सत्तर हजार रुपये नकद, बड़ी मात्रा में सोना-चांदी जैसा जेवर, दो मोटरसाइकिल, एक ई-रिक्शा और 94 लीटर कोडिन सिरप जब्त किया। यह बरामदगी साफ तौर पर संगठित अपराध और अवैध हथियार तस्करी के बड़े नेटवर्क की ओर इशारा करती है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार स्वयं मौके पर पहुंचे और पूरे परिसर का निरीक्षण किया। मोबाइल एफएसएल टीम ने भी घटनास्थल की तकनीकी जांच की और सभी साक्ष्यों को सुरक्षित किया। फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम बनाई गई है और जिले के विभिन्न इलाकों में लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने साहेबपुरकमाल थाना कांड संख्या 328/25 के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। गिरफ्तार शिवदत्त राय पर इससे पहले भी तेघड़ा थाना क्षेत्र में हत्या और अवैध हथियार से जुड़े कई गंभीर मामले दर्ज हैं, जिससे यह साफ हो गया है कि यह गिरोह लंबे समय से अपराध और हथियार तस्करी में सक्रिय था।






